भारत ने अपने राजनयिकों के परिवारों को बांग्लादेश से वापस बुलाया है जिसे लेकर अब यूनुस सरकार की बौखलाहट देखने को मिली है। चुनाव से पहले भारत का यह कदम सुरक्षा को ध्यान में रखते हुए उठाया गया है।
अब इसे लेकर बांग्लादेश की अंतरिम सरकार के विदेश मामलों के सलाहकार मोहम्मद तौहीद हुसैन ने प्रतिक्रिया दी है। हुसैन ने कहा कि भारत के राजनयिकों के परिवारों को बांग्लादेश से वापस बुलाने का कोई ठोस कारण नहीं है। उन्होंने कहा कि देश में ऐसी कोई सुरक्षा स्थिति नहीं है जिससे भारतीय राजनयिकों या उनके परिवारों को कोई खतरा हो।
मोहम्मद तौहीद हुसैन ने क्या कहा?
मोहम्मद तौहीद हुसैन ने विदेश मंत्रालय में प्रेस वार्ता के दौरान कहा, “बांग्लादेश में ऐसी कोई स्थिति नहीं है जो यह संकेत दे कि भारतीय अधिकारियों या उनके परिवारों को कोई खतरा है।” उन्होंने इस कदम को भारत का आंतरिक मामला बताते हुए कहा कि भारत किसी भी समय अपने अधिकारियों या उनके परिजनों को वापस बुला सकता है, लेकिन इसके पीछे कोई स्पष्ट सुरक्षा कारण नहीं दिखता।
हम इसमें कुछ नहीं कर सकते’हुसैन ने कहा
कि बांग्लादेश को भारत की ओर से सुरक्षा चिंताओं को लेकर कोई औपचारिक सूचना नहीं मिली है। “संभव है कि भारत को कोई आशंका हो या वह कोई संदेश देना चाहता हो, लेकिन मैं इसके पीछे कोई स्पष्ट कारण नहीं देख पा रहा हूं।” पूर्व में भारत में उप-उच्चायुक्त रह चुके हुसैन ने स्पष्ट किया कि यदि भारतीय राजनयिक अपने परिवारों को वापस भेजना चाहते हैं, तो बांग्लादेश की ओर से इसमें कोई आपत्ति नहीं होगी। “अगर वो ऐसा करना चाहते हैं, तो हम इसमें कुछ नहीं कर सकते
